अंतिम पड़ाव में कहर ढहा रहा मानसून, कुल्लू और सिरमौर में फटा बादल, पांच की मौत

शिमलाः हिमाचल प्रदेश में मानसून अंतिम पड़ाव पर है। जगह-जगह जमकर बारिश हो रही है। राज्य के अधिकतर हिस्सों में सोमवार-मंगलवार को मानसून की व्यापक बारिश हुई। पहाड़ी इलाकों में जोरदार बारिश से हालात खराब हो गए हैं। कुल्लू और सिरमौर जिलों में बादल फटने के बाद आई बाढ़ में सम्पति और फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। राज्य में पिछले 24 घण्टों के दौरान बारिश से जुड़ी घटनाओं में पांच लोग मारे गए। भूस्खलन से चार घरों को नुकसान पहुंचा है ओैर 46 सड़कें ठप्प हो गई हैं।

मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में राज्य के चार जिलों में भारी बारिश की चेतावनी का येलो अलर्ट जारी किया है। 25 सितम्बर तक पूरे प्रदेश में मौसम के खराब रहने का अनुमान है। मानसून के सितम्बर के आखिर या अक्टूबर के आरंभ में विदा होने की संभावना है।

जिला कुल्लू की पर्यटन नगरी मनाली के बुढ़वा गांव में आधी रात को बादल फटने के बाद बाढ़ आने से गांव में अफरा-तफरी मच गई। बाढ़ का पानी और मलबा गांव में रिहायशी क्षेत्र में घुस गया। स्थानीय लोगों के घरों आर बगीचों में दलदल हो गया। हालांकि इस दौरान कोई जानी नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन ग्रामीणों के बगीचों और घरों में बाढ़ का पानी घुस गया है। बुढ़वा पंचायत के वार्ड छह और चार के ग्रामीणों को अधिक नुकसान हुआ है। बाढ़ के पानी ने सेब से भरे पेड़ों को भी नुकसान पहुंचाया है।

मनाली के तहसीलदार एनएस वर्मा के मुताबिक लोगों के घरों और बगीचों में बाढ़ का पानी घुसने से नुकसान हुआ है। घटनास्थल का दौरा कर नुकसान का आकलन किया गया है। उधर, सिरमौर जिला की नाहन तहसील के अंतर्गत पड़ने वाले चम्यारा खुर्द निहोग गांव में भी सोमवार रात बादल फटने के बाद आई बाढ़ से कोहराम मचा गया। सैलाब में कई ग्रामीणों की उपजाऊ भूमि ओैर फसल तबाह हो गई है। हालांकि इस दौरान किसी तरह का जानी नुकसान नहीं हुआ है।

राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की दैनिक रिपोर्ट के अनुसार बीते 24 घंटों के दौरान विभिन्न हादसों में पांच लोगों की मौत हुई है, जबकि एक लापता हुआ। हमीरपुर जिला में बहने, सर्पदंश व सड़क दुर्घटना में तीन लोग मारे गए। शिमला ओैर चंबा जिलों में सड़क हादसों में एक-एक व्यक्ति की मृत्यु हुई है। बारिश से कांगड़ा में तीन कच्चे व पक्के मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। शिमला में भी एक पक्का मकान धराशायी हुआ है। हमीरपुर में एक पशुशाला ओैर ऊना में एक दुकान ध्वस्त हो गई।

भूस्खलन से प्रदेश की 46 सड़कों पर यातायात ठप पड़ गया है। शिमला में 13, मंडी व सिरमौर में नौ-नौ, हमीरपुर व कांगड़ा में छह-छह, कुल्लू में दो ओैर सोलन में एक स़ड़क अवरुद्ध है। राज्य में मानसून सीजन के दौरान अब तक चल एवं अचल संपत्ति को 1066 करोड़ का नुकसान हो चुका है।