फरीदाबादः भाई को नौकरी दिलाने का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म करने के दो आरोपियों को सूरजकुंड पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रवक्ता सूबे सिंह ने शनिवार को बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में रामेधर्म और अशोक का नाम शामिल है। आरोपी अशोक हार्डवेयर की दुकान चलाता है जबकि आरोपी रामेधर्म खुद को राइटर बताता है। 30 जून को सूरजकुंड थाने में सामूहिक दुष्कर्म की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था, जिसमें आरोपियों ने लड़की को नौकरी दिलाने का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया था।
पीड़िता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि दो महीने पहले उसकी मुलाकात आरोपी रामेधर्म से हुई थी, जो खुद को लेखक बताता था। बातचीत के दौरान आरोपी ने कहा कि वह उसे नौकरी दिला देगा, तब लड़की ने कहा कि वह पहले से ही नौकरी कर रही है लेकिन वह अपने भाई को नौकरी दिलाना चाहती है। आरोपी ने कहा कि वह उसे नौकरी भी दिला देगा। 28 जून की रात को आरोपी रामेधर्म ने लड़की को फोन किया और अगले दिन दोपहर में सूरजकुंड रोड पर बुलाया जहां आरोपी अपनी कार लेकर आया जिसमें दोनों आरोपी बैठे हुए थे।
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आरोपी रामेधर्म की पत्नी अपने मायके गई हुई थी। आरोपी लड़की को अपने क्वार्टर में ले गया और वहां उसके साथ दुष्कर्म किया और लड़की को धमकी दी कि अगर उसने इस बारे में किसी को बताया तो वह उसकी जिंदगी बर्बाद कर देगा। पीड़िता ने इसकी शिकायत पुलिस से की, जिसके बाद पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई गाड़ी बरामद कर उन्हें जेल भेज दिया।
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