बिहार में एक नवंबर से शुरू होगी धान खरीद, केंद्रों पर अनियमितता रोकने को अफसरों की होगी तैनाती

पटनाः बिहार में अगले महीने से किसान अपना धान न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बेच सकेंगे। इस बार किसान तीन चरणों में अपनी धान बेच सकेंगे। कोसी और पूर्णिया प्रमंडल के सभी जिलों में धान की खरीद एक नवंबर से प्रारंभ हो जाएगी। बिहार सरकार ने राज्य के किसानों से 1 नवंबर से खरीदी शुरू करने का फैसला लिया है, जिसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। किसान धान अधिप्राप्ति के समय अपनी पसंद के किसी भी पैक्स या व्यापार मंडल पर धान बेच सकते हैं। इस वर्ष सामान्य धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1940 रुपये प्रति क्विंटल है, जबकि ग्रेड-ए धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1960 रुपये प्रति क्विंटल है।

धान की खरीददारी को लेकर इस बार विशेष निगरानी रखी जाएगी। एक अधिकारी ने बताया कि खरीद केंद्रों पर किसी भी प्रकार की अनियमितता को रोकने और गुणवत्ता की जांच के लिए सहकारिता और खाद्य विभाग के साथ जिला प्रशासन को भी निर्देश दिया गया है। राज्य में इस बार 1 नवंबर से 31 जनवरी तक धान की खरीदी की जाएगी। एक नवंबर से कोसी और पूर्णिया प्रमंडल में धान की खरीदी प्रारंभ होगी जबकि तिरहुत, दरभंगा और सारण प्रमंडल के जिलों 10 नवंबर से धान की खरीद प्रारंभ होगी। शेष जिलों में 15 नवंबर से किसान अपनी धान बेच सकेंगे। बिहार सरकार का मानना है कि एक नवंबर तक राज्य के कई हिस्सों में धान पूरी तरह तैयार नहीं हो पाते हैं।

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इसके अलावा नवंबर और दिसंबर महीने तक नमी भी अधिक होती है, जिसके कारण इस बार तीन चरणों में धान की खरीद का निर्णय लिया गया है। बिहार में इस साल 45 लाख टन धान की खरीद का लक्ष्य रखा गया। विभाग के अधिकारी के मुताबिक इस बार धान में 17 प्रतिशत तक नमी को स्वीकार्य किया जाएगा। गुणवत्ता की जांच के लिए दो टीमें बनाई जाएंगी जिसमें केंद्र और राज्य सरकार के प्रतिनिधि भी होंगे।

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