बाइडन के शपथ लेने से पहले वाशिंगटन डीसी में हाई अलर्ट, कैपिटल कॉम्‍प्‍लेक्‍स में लॉकडाउन

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वॉशिंगटन: अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडन और नवनिर्वाचित उप राष्ट्रपति कमला हैरिस के बुधवार को शपथ लेने से पहले अमेरिका की राजधानी वॉशिगटन डीसी में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। शपथ ग्रहण समारोह में ट्रंप समर्थकों की ओर से उपद्रव की आशंका को देखते हुए हाई अलर्ट किया गया है। वाशिंगटन डीसी को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। जानकारी के मुताबिक अमेरिकी कैपिटल कॉम्‍प्‍लेक्‍स में लॉकडाउन लगा दिया गया है।

दरअसल, बीते कुछ दिनों से सुरक्षा एजेंसियों को सूचनाएं मिल रही हैं कि शपथ ग्रहण समारोह से पहले हिंसा हो सकती है। माना जा रहा है कि इसी के मद्देनजर उक्‍त कदम उठाए गए हैं। प्रत्‍यक्षदर्शियों के हवाले से बताया है कि आंतरिक सुरक्षा जोखिम को देखते हुए कैपिटल कॉम्‍प्‍लेक्‍स  में लोगों का प्रवेश और निकास दोनों प्रतिबंधित कर दिया गया है। 

25 हजार से अधिक जवान तैनात

इस समय हजारों पुलिसकर्मियों और सुरक्षा एजेंसियों के कर्मचारियों के साथ-साथ नेशनल गार्ड के 25,000 से अधिक जवानों को यहां तैनात किया गया है। अमेरिकी संसद भवन के इर्द-गिर्द के इलाके, पेन्सिलवेनिया एवेन्यू और व्हाइट हाउस के आसपास का बड़ा हिस्सा आम जनता के लिए बंद कर दिया गया है। इन स्थानों पर आठ फुट ऊंचे अवरोधक लगा दिए गए हैं। पूरा शहर हाई अलर्ट पर है।

हाई अलर्ट पर विधानसभा भवन

यूनाइटेड स्टेट मार्शल सर्विस ने वाशिंगटन डीसी में चार हजार अधिकारियों को तैनात करने का फैसला किया है। वहीं मेजेस्टिक नेशनल मॉल जहां पर शपथ ग्रहण समारोह के दौरान हजारों लोग मौजूद रहते हैं, उसे बंद कर दिया गया है। उधर, राज्यों के विधानसभा भवनों को भी हाई अलर्ट पर रखा गया है। 

सेना ने भी संभाला मोर्चा

वॉशिंगटन डीसी के मेयर मुरियल बाउजर ने एनबीसी न्यूज को एक साक्षात्कार में बताया, ‘पुलिस विभाग संघीय कानून प्रवर्तन सहयोगियों और अमेरिकी सेना के साथ मिलकर काम कर रहा है। किसी भी हमले की स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।’ एफबीआई ने अपने आंतरिक बुलेटिन में वॉशिंगटन डीसी तथा सभी 50 राज्यों के संसद भवनों में हिंसा की आशंका जताई है।

स्टारबक्स ने कुछ स्टोर बंद किए

शपथ ग्रहण से पहले हिंसा की आशंका को देखते हुए अंतर्राष्ट्रीय कॉफी चेन स्टारबक्स ने न्यूयॉर्क शहर स्थित अपने कुछ आउटलेट को अस्थायी तौर पर बंद करने का फैसला लिया है। उधर, न्यूयॉर्क के पुलिस विभाग ने कहा है कि एहतियात के तौर पर शहर के कुछ स्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

बाइडन प्रशासन से जुड़े सकते हैं एक और भारतीय

भारतीय मूल के एक और अमेरिकी बाइडन प्रशासन का हिस्सा बन सकते हैं। सत्ता हस्तांतरण टीम से जुड़े दो लोगों के मुताबिक फेडरल ट्रेड कमीशन (एफटीसी) के सदस्य रोहित चोपड़ा को कंज्यूमर फाइनेंशियल प्रोटेक्शन बोर्ड (सीएफपीबी) का चेयरमैन बनाया जा सकता है। फिलहाल सीएफपीबी की कमान ट्रंप द्वारा नियुक्त कैथी क्रैनिनगर संभाल रहे हैं। उनका कार्यकाल वर्ष 2023 में खत्म होगा।

ट्रंप नीति की आलोचना करते रहे हैं बाइडन

एक वर्चुअल कॉन्फ्रेंस के दौरान मून ने कहा कि अगर उत्तर कोरिया को सुरक्षा का आश्वासन दिया जाए तो किम को निशस्त्रीकरण के लिए राजी किया जा सकता है। बता दें कि उत्तर कोरिया पर ट्रंप की नीति को लेकर बाइडन हमेशा उनकी आलोचना करते रहे हैं। उनका आरोप है कि वार्ता से फलदायी परिणाम निकालने के बजाय राष्ट्रपति शिखर सम्मेलन की नौटंकी करते रहे।