आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने भरी हुंकार, हड़ताल से नौनिहालों को नहीं मिल रहा पोषण आहार

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रायपुरः प्रदेश में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने मांगों को लेकर हुंकार भरी है। छत्तीसगढ़ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ छह सूत्रीय मांगों को लेकर पिछले पांच दिनों से हड़ताल पर हैं और राजधानी रायपुर में धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। हड़ताल से 1981 आंगनबाड़ी केंद्रों में ताले लटक रहे हैं, जिससे बच्चों को पोषण आहार नहीं मिल रहा है। हड़ताल के दूसरे दिन साढ़े तीन हजार से अधिक कार्यकर्ता हड़ताल में हैं।

रायपुर में बस्तर जिले 200 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता धरना-प्रदर्शन कर रही हैं। वे प्रदेश सरकार द्वारा जारी घोषणा पत्र में किये गये वादों को पूरा करने के लिए हड़ताल पर हैं। कार्यकर्ताओं के हड़ताल से केंद्रों में ताले लटक रहे हैं और करीब 80 हजार से अधिक बच्चे पोषण आहार से वंचित हैं।

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वहीं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ के जिलाध्यक्ष प्रेमबती नाग ने बताया कि हमारी मांगें जायज हैं। आंगनबाड़ी कार्यकताओं व सहायिकाओं को शासकीय कर्मचारी घोषित करें। साथ ही, कर्मियों को भविष्य निधि जीवन निर्वाह भत्ता, सेवानिवृत्त भत्ता, बच्चों के लिए शिक्षा की सुविधा एवं चिकित्सा सुविधा लागू की जाए। छह सूत्री मांगों को लेकर प्रदेश के एक लाख आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहाायिका आंदोलनरत हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगे पूरी न होने पर 29 जनवरी से कार्यकर्ता व सहायिकाएं अनिश्चितकालीन हड़ताल करने को बाध्य होंगे।

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