गुजरात उपचुनाव लड़ने वाले 25 फीसदी उम्मीदवार करोड़पति, सबसे आगे हैं कांग्रेसी

नई दिल्ली: एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि गुजरात में आगामी उप-चुनावों में चुनाव लड़ने वाले 80 में से 20 उम्मीदवार (25 फीसदी) करोड़पति हैं। अगर प्रति उम्मीदवार के लिहाज से देखें तो उनकी औसत संपत्ति 1.16 करोड़ रुपये है।

प्रमुख पार्टियों में, आठ कांग्रेस उम्मीदवारों के पास प्रति उम्मीदवार औसत संपत्ति 4.38 करोड़ रुपये है। इसके अलावा आठ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवारों के पास 2.52 करोड़, दो भारतीय आदिवासी पार्टी के उम्मीदवारों के पास औसत संपत्ति 17.85 लाख और 53 निर्दलीय उम्मीदवारों के पास औसत संपत्ति 70.52 लाख रुपये है। उपचुनाव लड़ने वाले सबसे अधिक घोषित संपत्ति वाले शीर्ष तीन उम्मीदवारों की बात की जाए तो इसमें अमरेली जिले के धारी से निर्दलीय उम्मीदवार थुमर पीयूष कुमार बाबू भाई सबसे ऊपर हैं, जिन्होंने अपनी 14 करोड़ रुपये की संपत्ति की सूचना उपलब्ध कराई है। इसके बाद कांग्रेस पार्टी की ओर से मोरबी के जयंतीलाल जिराजभाई पटेल का नाम आता है, जिनके पास 10 करोड़ रुपये की संपत्ति है। वहीं तीसरे स्थान पर मोहनभाई शंकरभाई सोलंकी का नाम आता है, जो बोटाद जिले के गढ़डा से चुनावी मैदान में हैं। वह भी कांग्रेसी उम्मीदवार हैं और उनके पास आठ करोड़ रुपये की संपत्ति है।

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उपचुनाव में खड़े सभी उम्मीदवारों में 39 (49 फीसदी) ने अपने हलफनामों में देनदारियों की घोषणा की है, जिसमें अब्दसा के पडियार हनीफ जैकब ने छह करोड़ रुपये की देनदारी की घोषणा की है। कुल 49 (61 फीसदी) उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षिक योग्यता पांचवीं और 12वीं कक्षा के बीच होने की घोषणा की है जबकि 20 (25 प्रतिशत) उम्मीदवारों ने स्नातक या उससे ऊपर की शैक्षणिक योग्यता होने की घोषणा की है। कुल पांच उम्मीदवारों में साहित्यिक समझ है, जबकि तीन उम्मीदवार अनपढ़ हैं। इसके अलावा तीन उम्मीदवार डिप्लोमा धारक हैं।

एडीआर के अनुसार, 29 (36 फीसदी) उम्मीदवारों ने अपनी आयु 25 से 40 वर्ष के बीच घोषित की है, जबकि 38 (48 फीसदी) उम्मीदवारों ने अपनी आयु 41 से 60 वर्ष के बीच होने की घोषणा की है। इसके अलावा 13 (16 फीसदी) उम्मीदवार ऐसे हैं, जिन्होंने अपनी आयु 61 से 70 वर्ष के बीच बताई है। गुजरात विधानसभा उपचुनावों में केवल तीन (चार फीसदी) महिला उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं।

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